Home Blog सेवा-संकल्प-अभियान : डिजिटल क्रांति से संवरता भविष्यः धमतरी से उठी विकसित भारत...

सेवा-संकल्प-अभियान : डिजिटल क्रांति से संवरता भविष्यः धमतरी से उठी विकसित भारत के निर्माण की नई मशाल

0
रायपुर, 

छत्तीसगढ़ सरकार राज्य के युवाओं को ‘विकसित भारत’ की संकल्पना का मुख्य आधार मानते हुए उन्हें विश्वस्तरीय अवसर प्रदान करने के लिए बहुआयामी प्रयास कर रही है। डिजिटल शिक्षा को समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुँचाने और ग्रामीण व शहरी युवाओं के बीच अवसरों की दूरी को मिटाने के उद्देश्य से धमतरी जिले के नगर पंचायत आमदी में अत्याधुनिक सुविधाओं से लैस ई-लाइब्रेरी का लोकार्पण किया गया। प्रदेश के राजस्व एवं उच्च शिक्षा मंत्री श्री टंक राम वर्मा ने इस अत्याधुनिक सुविधा का उद्घाटन करते हुए इसे युवाओं के सपनों को नई उड़ान देने वाला एक बड़ा कदम बताया।

यह ई-लाइब्रेरी युवाओं को केवल स्थानीय स्तर पर ही नहीं, बल्कि राष्ट्रीय मंच पर प्रतिस्पर्धा करने के योग्य बनाएगी। इस अत्याधुनिक ई-लाइब्रेरी में निर्बाध ऑनलाइन अध्ययन के लिए आधुनिक कंप्यूटर और उच्च गति इंटरनेट की व्यवस्था की गई है। हज़ारों ई-बुक्स, ई-जर्नल्स और अद्यतन अध्ययन सामग्री की उपलब्धता के साथ – साथ प्रतियोगी परीक्षाओं जैसे UPSC, CGPSC, SSC,  रेलवे और बैंकिंग जैसी परीक्षाओं की तैयारी के लिए गुणवत्तापूर्ण अध्ययन का वातावरण बनेगा। पढ़ाई के लिए सुव्यवस्थित और तकनीकी रूप से सक्षम परिसर का निर्माण किया गया है।

Ro.No - 13954/39
उच्च शिक्षा और महाविद्यालयों के लिए विज़न

मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में राज्य सरकार शिक्षा, कौशल विकास और डिजिटल सशक्तिकरण को सर्वाेच्च प्राथमिकता दे रही है। इस अवसर पर उच्च शिक्षा के क्षेत्र में सरकार के दूरदर्शी दृष्टिकोण को रेखांकित करते हुए मंत्री श्री टंक राम वर्मा ने कहा कि ज्ञान ही विकसित समाज की सबसे बड़ी शक्ति है। हमारी सरकार का उद्देश्य केवल भवन निर्माण नहीं, बल्कि युवाओं के सपनों को साकार करना है। ई-लाइब्रेरी डिजिटल युग की महती आवश्यकता है, जो ग्रामीण और शहरी विद्यार्थियों के बीच अवसरों के अंतर को समाप्त करेगी ताकि युवाओं को बड़े शहरों की ओर पलायन न करना पड़े। युवाओं को सशक्त बनाने की यह व्यवस्था केवल नगर पंचायतों तक सीमित नहीं रहेगी, बल्कि इसे राज्य के सभी महाविद्यालयों में भी लागू किया जाएगा ताकि हमारे छात्र वैश्विक स्तर पर प्रतिस्पर्धा कर सकें।

’पंचायतों से लेकर महाविद्यालयों तक फैलेगा जाल

जिले की लगभग सभी नगर पंचायतों में पुस्तकालय सुविधा विकसित की जा चुकी है। अब मेघा, सांकरा और बेलरगांव जैसी ग्राम पंचायतों की तर्ज पर अन्य सभी ग्राम पंचायतों और प्रदेश के प्रत्येक महाविद्यालय में ई-लाइब्रेरी व आधुनिक अध्ययन तंत्र का विस्तार किया जा रहा है।

अपने ही क्षेत्र और कॉलेजों में विश्वस्तरीय डिजिटल सुविधाएं मिलने से विद्यार्थियों में नया उत्साह है। यह पहल न केवल स्थानीय प्रतिभाओं का पलायन रोकेगी, बल्कि छत्तीसगढ़ के युवाओं को शिक्षा और तकनीक से लैस कर एक सशक्त, आत्मनिर्भर और विकसित भारत के निर्माण में अपना अमूल्य योगदान देने के लिए पूरी तरह से तैयार करेगी।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here