तीनों विकास खंडों के विशेष आवश्यकता वाले बच्चों का हुआ आकलन, दिसंबर में वितरित किए जाएंगे सहायक उपकरण
मेडिकल बोर्ड ने किया दिव्यांग परीक्षण, प्रमाण पत्र एवं यूडीआईडी कार्ड बनाने और नवीनीकरण की हुई कार्रवाई
एमसीबी/ मनेन्द्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर जिले में विशेष आवश्यकता वाले बच्चों को शिक्षा की मुख्यधारा से जोड़ने और उनकी आवश्यकताओं के अनुरूप सहायक उपकरण उपलब्ध कराने के उद्देश्य से जिला स्तरीय आकलन शिविर का आयोजन किया गया। कलेक्टर एवं जिला मिशन संचालक के निर्देशानुसार समग्र शिक्षा विभाग द्वारा 5 नवम्बर को विकासखंड स्रोत केंद्र मनेन्द्रगढ़ में आयोजित शिविर में जिले के तीनों विकासखंडों के कुल 97 दिव्यांग बच्चों का स्वास्थ्य परीक्षण एवं आकलन किया गया। इनमें से 17 बच्चों का चयन विभिन्न सहायक उपकरणों के लिए किया गया, जिन्हें आगामी दिसम्बर माह में आयोजित वितरण शिविर में उपकरण प्रदान किए जाएंगे।
तीनों विकासखंडों के 97 बच्चों का हुआ परीक्षण
शिविर में कक्षा पहली से बारहवीं तक अध्ययनरत विशेष आवश्यकता वाले बच्चों का चिन्हांकन एवं उनकी आवश्यकताओं का आकलन किया गया। विकासखंड मनेन्द्रगढ़ में निर्धारित 70 बच्चों के लक्ष्य के विरुद्ध 55, भरतपुर में 24 के विरुद्ध 16 तथा खड़गवां में 37 के विरुद्ध 26 बच्चों का परीक्षण किया गया। इस प्रकार जिले में कुल 131 बच्चों के लक्ष्य के विरुद्ध 97 बच्चों का आकलन किया गया। एलिम्को रायपुर की विशेषज्ञ टीम ने बच्चों की दिव्यांग एवं व्यक्तिगत आवश्यकताओं के आधार पर सहायक उपकरणों के लिए 17 बच्चों का चयन किया।
दिव्यांगता प्रमाण पत्र एवं यूडीआईडी कार्ड के लिए हुई कार्रवाई
शिविर में जिला मेडिकल बोर्ड के चिकित्सकों ने श्रवण बाधित, अस्थिबाधित, बौद्धिक दिव्यांग, दृष्टिबाधित एवं बहु दिव्यांग बच्चों का स्वास्थ्य परीक्षण किया। इस दौरान पात्र बच्चों के दिव्यांगता प्रमाण पत्र एवं विशिष्ट दिव्यांग पहचान पत्र (यूडीआईडी कार्ड) बनाने तथा नवीनीकरण की कार्रवाई की गई। शिविर का उद्देश्य बच्चों की विशेष आवश्यकताओं की पहचान कर उन्हें आवश्यक सहायता उपलब्ध कराना और शिक्षा में उनकी सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित करना रहा।
अधिकारियों एवं जनप्रतिनिधियों की रही उपस्थिति
कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में वार्ड क्रमांक 18 के पार्षद अनिल प्रजापति उपस्थित रहे। जिला मिशन समन्वयक समग्र शिक्षा कोरिया/एमसीबी अरविन्द कुमार सिंह, विकासखंड शिक्षा अधिकारी मनेन्द्रगढ़ विपिन कुमार पाण्डेय, विकासखंड स्रोत केंद्र समन्वयक अलका चौहथा, एपीसी समावेशी शिक्षा गौरी शंकर ऐडे तथा कन्या उच्चतर माध्यमिक विद्यालय मनेन्द्रगढ़ के प्राचार्यों ने शिविर के संचालन में मार्गदर्शन एवं सहयोग प्रदान किया।
शिविर को सफल बनाने में डॉ. अमूल्य चन्द्र झा, कंचन कुमार सिंह, राजेश प्रताप सिंह, अश्वनी मलिक, अनिल गुप्ता, शैक्षिक समन्वयकों, प्रधान पाठक हरि दास सहित बीआरसी कार्यालय के दलबीर प्रसाद कुर्रे, विवेक कुमार, जवाहरलाल, सत्य प्रताप सिंह एवं अन्य कर्मचारियों का सराहनीय योगदान रहा। समग्र शिक्षा विभाग द्वारा शिविर में उपस्थित बच्चों, अभिभावकों एवं शिक्षकों के लिए जल पान और भोजन की व्यवस्था भी की गई।



