Home Blog प्रतिभा प्रोत्साहन को लेकर सरकारी और निजी स्कूलों में भेदभाव नहीं हो

प्रतिभा प्रोत्साहन को लेकर सरकारी और निजी स्कूलों में भेदभाव नहीं हो

0

* शिक्षाविद ने एनएमएसएसई परीक्षा को लेकर मुख्यमंत्री से की मांग

कांकेर। छत्तीसगढ़ के सरकारी स्कूलों में पढ़ने वाले छात्र-छात्राओं के लिए हर साल राष्ट्रीय साधन सह प्रावीण्य छात्रवृत्ति परीक्षा का आयोजन किया जाता है।

Ro.No - 13759/40

इस व्यवस्था में माध्यमिक शिक्षा मंडल और शिक्षा विभाग रायपुर से मान्यता प्राप्त निजी स्कूलों के बच्चों को भी शामिल करने के लिए शिक्षाविद संस्कार श्रीवास्तव ने मुख्यमंत्री विष्णु साय को ट्वीट ईमेल करते हुए पत्र प्रेषित किया है। इस परीक्षा में छात्र को कक्षा सातवीं में 55 प्रतिशत अंकों के साथ ( अजा अजजा को 05 प्रतिशत छूट ) उत्तीर्ण एवं पारिवारिक आय सीमा वार्षिक तीन लाख रुपए को पात्रता होती है। सरकारी स्कूलों में कक्षा 08 वीं में पढ़ने वाले छात्र छात्रों के लिए हर साल या परीक्षा आयोजित की जाती है। इस परीक्षा के संबंध में निजी स्कूलों के शिक्षकों को भी प्रशिक्षण देने की परंपरा शुरू करने के लिए भी पत्र लिखा गया है। मेधावियों को प्रोत्साहन में सरकारी और निजी स्कूलों का भेदभाव सरकार द्वारा नहीं किया जाना चाहिए।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here