Five more accused arrested in the case of elephant electrocution in forest area, total number reaches 10
रायगढ़ / तमनार वन परिक्षेत्र में करंट की चपेट में आने से एक हाथी की मौत के प्रकरण में वन विभाग की कार्रवाई लगातार जारी है। विभाग ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आज पांच और आरोपियों को गिरफ्तार किया है। इसके साथ ही अब तक इस मामले में कुल 10 आरोपियों की गिरफ्तारी हो चुकी है। गिरफ्तार किए गए आरोपियों में ग्राम नूनदरहा के लक्ष्मीराम पिता भगतराम, रामप्रसाद पिता दया और मोहन पिता पालिस राम तथा ग्राम केराखोल के महावीर पिता मालिकराम एवं घसियाराम पिता लछन यादव शामिल हैं।
इससे पहले बसंत राठिया, वीर सिंह मांझी, रामनाथ राठिया, देवनारायण राठिया और जयलाल मांझी को वन विभाग ने गिरफ्तार किया था। वन विभाग की प्रारंभिक जांच में यह तथ्य सामने आया कि आरोपियों ने खेत की मेड़ पर जंगली सूअर के शिकार के उद्देश्य से बिजली का करंट प्रवाहित तार बिछाया था। उसी में फंसकर एक हाथी की मौत हो गई थी। आरोपियों के विरुद्ध वन्यप्राणी संरक्षण अधिनियम, 1972 की संबंधित धाराओं के तहत अपराध दर्ज किया गया है। गिरफ्तार सभी आरोपियों को न्यायालय में पेश किया गया, जहां से आगे की कानूनी प्रक्रिया तय की जाएगी। वन विभाग ने स्पष्ट किया है कि वन्यजीवों की सुरक्षा में किसी भी प्रकार की लापरवाही या अपराध को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। विभाग दोषियों के खिलाफ कठोरतम कार्रवाई सुनिश्चित करने के लिए प्रतिबद्ध है।
यह संपूर्ण कार्रवाई वनमंडलाधिकारी श्री अरविंद पी. एम. एवं उप वनमंडलाधिकारी श्री मनमोहन मिश्रा के मार्गदर्शन व निर्देशन में तथा वन परिक्षेत्र अधिकारी श्री विक्रांत कुमार के नेतृत्व में की जा रही है। वन विभाग की टीम इस प्रकरण की जांच में सक्रिय है और घटना से जुड़े अन्य पहलुओं की गहनता से पड़ताल जारी है।



