पीएम श्री विद्यालयों का गहन निरीक्षण, शिक्षकों को दिए लक्ष्य आधारित निर्देश
प्राचार्यों की बैठक में शिक्षा सुधार, FLN मिशन और नई कार्ययोजना पर विशेष जोर
कांकेर, 24 मार्च 2026। संयुक्त संचालक, लोक शिक्षण, बस्तर संभाग श्री एच.आर. सोम के कांकेर प्रवास के दौरान जिले की शिक्षा व्यवस्था की व्यापक समीक्षा की गई। इस दौरान उन्होंने जिला शिक्षा कार्यालय का निरीक्षण कर शैक्षणिक एवं प्रशासनिक कार्यों की प्रगति का जायजा लिया और अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
निरीक्षण के पश्चात श्री सोम ने पीएम श्री शासकीय नरहरदेव उत्कृष्ट अंग्रेजी माध्यम विद्यालय का दौरा किया। यहां उन्होंने विद्यालय में संचालित विभिन्न प्रयोगशालाओं, पुस्तकालय एवं अन्य शैक्षणिक व्यवस्थाओं का अवलोकन किया। शिक्षकों के साथ आयोजित बैठक में उन्होंने शिक्षण पद्धति, विद्यार्थियों के सीखने के स्तर एवं शिक्षा की गुणवत्ता को बेहतर बनाने पर विस्तार से चर्चा की। उन्होंने निपुण भारत मिशन के तहत आधारभूत साक्षरता एवं संख्यात्मक दक्षता (FLN) को प्राथमिकता देते हुए शिक्षकों को लक्ष्य आधारित कार्य करने के निर्देश दिए।
संयुक्त संचालक ने पीएम श्री विद्यालयों में अनुशासन और एकरूपता बनाए रखने के लिए शिक्षकों के लिए ड्रेस कोड निर्धारित करने तथा उसका कड़ाई से पालन सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए। उन्होंने कहा कि अनुशासित वातावरण ही गुणवत्तापूर्ण शिक्षा की नींव होता है।
इसके साथ ही श्री सोम ने कक्षा 10वीं एवं 12वीं के मूल्यांकन केंद्र का निरीक्षण किया और मूल्यांकन प्रक्रिया की गुणवत्ता, पारदर्शिता एवं समयबद्धता सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट किया कि परीक्षा मूल्यांकन में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
दौरे के दौरान जिला पंचायत सभाकक्ष में विकासखंड कांकेर, नरहरपुर एवं चारामा के खंड शिक्षा अधिकारियों, हाई स्कूल एवं हायर सेकेंडरी विद्यालयों के प्राचार्यों तथा संकुल समन्वयकों की बैठक आयोजित की गई। बैठक में कक्षा 5वीं एवं 8वीं की परीक्षाओं के सुचारू संचालन, FLN मूल्यांकन की प्रगति, आगामी शैक्षणिक सत्र 2026-27 की कार्ययोजना एवं लंबित पेंशन प्रकरणों के त्वरित निराकरण पर विस्तार से चर्चा की गई।
इसके अलावा विद्यालयों में मूलभूत सुविधाओं—भवन, पेयजल, शौचालय एवं बिजली—की उपलब्धता सुनिश्चित करने, शिक्षा की गुणवत्ता में सुधार हेतु नवाचार अपनाने, विद्यार्थियों की उपस्थिति बढ़ाने और परीक्षा परिणामों में सुधार लाने के उपायों पर विशेष जोर दिया गया। ग्रीष्मकालीन अवकाश के दौरान समर कैंप आयोजित करने के निर्देश भी दिए गए, ताकि विद्यार्थियों का सतत शैक्षणिक विकास सुनिश्चित किया जा सके।
बैठक में जिला शिक्षा अधिकारी रमेश कुमार निषाद एवं डीएमसी नवनीत पटेल, प्राचार्य रचना श्रीवास्तव सहित संबंधित विकासखंडों के खंड शिक्षा अधिकारी, सभी प्राचार्य एवं संकुल समन्वयक उपस्थित रहे।
कुल मिलाकर, संयुक्त संचालक का यह दौरा जिले में शिक्षा व्यवस्था को सुदृढ़ करने, गुणवत्ता सुधार और अनुशासन को मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल साबित हुआ।



