In PM Janman Yojana, the minimum population criteria was relaxed to build paved roads to the settlements of the special backward tribe Birhor
पीएम जनमन योजना से पहाड़ी अंचलों में बिरहोर बसाहटों तक पहुंचने लगी है पक्की सड़क
कच्चे रास्ते की चुनौतियां होंगी खत्म, बारिश में अब गांव तक एम्बुलेंस भी पहुंचेगी
रायगढ़ / रायगढ़ जिले के दूरस्थ पहाड़ी अंचलों में बसे विशेष पिछड़ी जनजाति बिरहोर परिवारों के उनकी सामाजिक, आर्थिक व शैक्षणिक स्थिति को बेहतर बनाने के लिए संचालित पीएम जनमन योजना उनके जीवन में सकारात्मक बदलाव लेकर आ रही है। अब तक समाज की मुख्य धारा से नहीं जुड़ पाए इन बिरहोर बसाहटों तक अब पक्की सड़क पहुंचने लगी है। ये सड़कें इन बिरहोर परिवारों के सर्वांगीण विकास की नई राहें खोलेंगी। यहां रहने वाले निवासियों को अब सुकून है कि बारिश के दिनों में कच्ची सड़कों से होने वाली समस्याओं से उन्हें निजात मिलेगी।
धरमजयगढ़ ब्लॉक के बसंतपुर के बिरहोर श्री गोविन्द और रामविलास ने बताया कि अब गांव में पक्की सड़क बन जाने से आवागमन में सुविधा मिल रही है। पहले पहाड़ी एरिया एवं कच्ची सड़कों के कारण गांववासियों को कई समस्याओं का सामना करना पड़ता था। खासकर बारिश के दिनों में जब किसी को स्वास्थ्य संबंधी समस्या होती थी, तो कच्ची सड़कों के चलते एम्बुलेंस भी गांव तक नहीं पहुँच पाती थी। इसके अलावा बच्चों को स्कूल जाने में भी बड़ी कठिनाई होती थी, क्योंकि रास्ते की स्थिति खराब थी। अब सड़क के निर्माण से इन सभी समस्याओं का हल निकला है और लोगों को आवागमन में काफी सहूलियत मिल रही है। उन्होंने प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी एवं मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय को यहां गांव में पक्की सड़क निर्माण कराने के लिए धन्यवाद ज्ञापित किया।
विशेष पिछड़ी जनजाति बिरहोर बसाहटों तक पक्की सड़क बनाने न्यूनतम आबादी का मापदण्ड किया गया शिथिल
गौरतलब है कि प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के अंतर्गत ये सड़कें बनवायी जा रही है। इस योजना के तहत बनने वाली सड़कें सामान्य बसाहट में 500 से अधिक आबादी और अनुसूचित क्षेत्रों में 250 से अधिक आबादी वाले बसाहटों को योजना से जोडऩे का प्रावधान रहा है। लेकिन पीएम जनमन योजना से विशेष पिछड़ी जनजाति की बसाहट को बारहमासी सड़कों से जोडऩे के लिए जरूरी आबादी के संख्या को शिथिल किया गया। अब 100 से अधिक आबादी वाले इन विशेष पिछड़ी जनजाति वाले बसाहटों के लिए पक्की सड़क का निर्माण किया जा रहा है। जिनमें वर्तमान में 4 अन्य सड़कों का काम जारी है। इन सड़कों के पूरा होने से इन गांवों तक स्वास्थ्य सुविधाओं की पहुंच आसान होगी। उनके बच्चों को पढऩे-लिखने के लिए बाहर आने-जाने में सुविधा होगी। खेती-किसानी के लिए कृषि उत्पादों का परिवहन और विकासखण्ड और जिला मुख्यालय सहित अन्य जगहों पर ग्रामवासियों का आवागमन सुगम होगा।



