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आदर्श आचार संहिता नामांकन प्रक्रिया, मतदान केन्द्रों की व्यवस्था एवं मतगणना की पारदर्शिता पर की गई चर्चा

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Discussion was held on model code of conduct, nomination process, arrangements of polling booths and transparency of vote counting

राज्य निर्वाचन आयुक्त अजय सिंह की अध्यक्षता में हुई राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों की बैठक

Ro.No - 13672/156

चुनाव प्रक्रिया को अधिक पारदर्शी और निष्पक्ष बनाने से लोकतांत्रिक प्रक्रिया मजबूत होगी : राज्य निर्वाचन आयुक्त अजय सिंह

रायपुर / राज्य निर्वाचन आयुक्त अजय सिंह के अध्यक्षता में आगामी चुनाव प्रक्रियाओं के लिए राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों के साथ चर्चा और समन्वय स्थापित करने के उद्देश्य से बैठक आयोजित की गई। राज्य निर्वाचन आयुक्त ने आचार संहिता का पालन सुनिश्चित करने पर जोर दिया।

बैठक में चुनाव कार्यक्रम की समीक्षा और तैयारियों पर चर्चा की गई। सभी राजनीतिक दलों को चुनावी आचार संहिता का पालन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। मतदान प्रक्रिया को निष्पक्ष और पारदर्शी बनाने तथा ईवीएम (इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन) के उपयोग को लेकर राजनीतिक दलों को जानकारी दी गई। मशीनों की कार्यप्रणाली और उनकी सुरक्षा को लेकर आश्वासन दिया गया साथ ही तकनीकी समस्याओं से निपटने के लिए त्वरित समाधान पर चर्चा की गई।

निष्पक्ष चुनाव के लिए पुलिस और प्रशासन के साथ समन्वय सुनिश्चित करने पर जोर दिया गया । बैठक में राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों द्वारा चुनावी प्रक्रियाओं के सम्बन्ध पूछे गए प्रश्नों के जवाब भी दिए गए। नामांकन प्रक्रिया, मतदान केंद्रों की व्यवस्था और मतगणना की पारदर्शिता पर चर्चा की गई। इस बैठक का उद्देश्य चुनाव प्रक्रिया को अधिक पारदर्शी, निष्पक्ष और प्रभावी बनाना था, ताकि लोकतांत्रिक प्रणाली मजबूत हो सके।

राज्य निर्वाचन आयुक्त श्री अजय सिंह ने कहा कि गत कल 20 जनवरी को निर्वाचन आयोग द्वारा आगामी स्थानीय निकाय निर्वाचन हेतु तारीखों की घोषणा कर दी गई है तथा राज्य में आदर्श आचार संहिता लागू हो गई है। उन्होंने बताया कि नगरीय निकाय निर्वाचन में अब महापौर एवं अध्यक्ष का निर्वाचन प्रत्यक्ष रीति से संपन्न होगा। नगरपालिकाओं का निर्वाचन मल्टी पोस्ट मल्टी वोट ई.व्ही.एम. द्वारा करवाया जाएगा। महापौर एवं अध्यक्ष पद हेतु व्यय सीमा निर्धारित की गई है तथा पार्षद पद हेतु कोई व्यय सीमा नहीं है।

राज्य निर्वाचन आयुक्त श्री अजय सिंह ने बताया कि कुल 173 नगरपालिकाओं में 10 नगरपालिक निगम, 49 नगरपालिका परिषद् तथा 114 नगर पंचायत एवं 3201 वार्डों में चुनाव संपन्न होगा। इसी प्रकार त्रिस्तरीय पंचायतों के जिला पंचायत सदस्य हेतु 433, जनपद पंचायत सदस्य हेतु 2973, सरपंच पद हेतु 11672 तथा पंच पद के लिए 1,60,180 पदों पर आम निर्वाचन कराया जाना है। 01 जनवरी 2025 की स्थिति में 44 लाख 74 हजार 269 नगरीय मतदाताओं की संख्या है इसी प्रकार पंचायतों में 1 करोड़ 58 लाख 12 हजार 580 ग्रामीण मतदाता है। उन्होंने बताया कि नगरीय निकाय एवं त्रिस्तरीय पंचायतों हेतु 37,033 मतदान केन्द्र बनाये जायेगें। इस निर्वाचन हेतु लगभग 1 लाख 80 हजार मतदान कर्मी की ड्यूटी लगाई जायेगी।
उन्होंने बताया कि आगामी त्रिस्तरीय पंचायत निर्वाचन 2025 गैर दलीय आधार पर एवं मतपेटी के माध्यम से संपन्न कराया जाएगा। नामनिर्देशन पत्र प्ररूप-3 में प्राप्त किया जायेगा। कोई व्यक्ति महापौर/अध्यक्ष एवं पार्षद दोनों के लिए अभ्यर्थी हो सकता है एवं प्रत्येक पद हेतु निर्धारित प्रतिभूति राशि पृथक से जमा करना होगा। महापौर/अध्यक्ष पद के व्यय लेखा हेतु नाम निर्देशन प्रस्तुत करने के पूर्व एक पृथक बैंक खाता खोलना अनिवार्य है। निर्धारित समय पर शपथ पत्र एवं प्रतिभूति निक्षेप राशि नहीं प्रस्तुत करने पर नामनिर्देशन पत्र अस्वीकार किया जावेगा।

इस अवसर पर विभिन्न राजनैतिक दलों के प्रतिनिधि, आयोग के सचिव डॉ. सर्वेश्वर नरेन्द्र भुरे, उपसचिव डॉ. नेहा कपूर, श्री आलोक कुमार श्रीवास्तव एवं निर्वाचन आयोग के अन्य अधिकारी, कर्मचारी उपस्थित थे।

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