उत्तर बस्तर कांकेर, 22 मई 2026/ राज्य शासन की मंशानुरूप आत्मसमर्पित माओवादियों को समाज की मुख्यधारा से जोड़ने तथा उन्हंे स्वरोजगार उपलब्ध कराने के लिए जिला प्रशासन निरंतर प्रयास कर रहा है। इसी क्रम में कलेक्टर श्री निलेशकुमार महादेव क्षीरसागर ने आज अपने कक्ष में कोयलीबेड़ा विकासखण्ड के ग्राम सरगीकोट निवासी आत्मसमर्पित महिला माओवादी श्रीमती प्रमिला मण्डावी को एक लाख रूपए का चेक किराना व्यवसाय संचालित करने के लिए चेक सौंपा। उक्त चेक महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा छत्तीसगढ़ महिला कोष योजना के तहत प्रदाय किया गया।
उल्लेखनीय है कि राज्य शासन की नक्सल पुनर्वास नीति से प्रभावित होकर बड़ी संख्या में माओवादियों ने आत्मसमर्पण किया है, जिन्हें जिला प्रशासन द्वारा स्वरोजगार स्थापित करने के लिए प्रशिक्षण कार्यक्रम संचालित किया जा रहा है। इसके अलावा कलेक्टर श्री क्षीरसागर ने नरहरपुर निवासी श्रीमती अहिमत रावटे एवं श्रीमती लोकेश्वरी रसिया को स्थानीय व्यंजन विक्रय केन्द्र (मिलेट कार्ट) के संचालन हेतु एक-एक लाख रूपए के ऋण का चेक उक्त योजनांतर्गत प्रदान किया। ज्ञात हो कि छत्तीसगढ़ महिला कोष के तहत महिला स्व-सहायता समूहों को ऋण तथा व्यक्तिगत महिलाओं को सक्षम योजना के तहत प्रथम बार में अधिकतम दो लाख रूपए की ऋण सहायता राशि तीन प्रतिशत वार्षिक साधारण ब्याज की दर पर दिया जाता है। वर्तमान वित्तीय वर्ष में कुल 40 महिला स्व-सहायता समूहो को कुल 60 लाख रूपए का ऋण वितरित किया गया है। इस अवसर पर जिला कार्यक्रम अधिकारी श्री विपिन जैन, महिला कोष प्रभारी श्रीमती दीप्ति साहू सहित श्रीमती चंदना राणा और प्रभा मरकाम उपस्थित थी।



