Naveen Tanwar was caught by CBI when he had come to take the IBPS clerk exam in place of Amit Singh of Jhansi.
Now he has been suspended on the basis of CBI report.
शिमला। क्लर्क परीक्षा में दूसरे की जगह बैठने वाले IAS अफसर नवीन तंवर को सस्पेंड कर दिया गया है। आईएएस नवीन तंवर को इसी मामले पर तीन साल की सजा सुनाई गई थी। साथ ही 50 हजार रुपए का अर्थदंड भी लगाया गया था। IAS नवीन तंवर 2019 बैच के हिमाचल कैडर अफसर हैं।
जानिए क्या था मामला
दरअसल, ये मामला 13 दिसंबर 2024 का है। उत्तरप्रदेश के गाजियाबाद स्थित आइडियल इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी में आईबीपीएस की क्लर्क परीक्षा झांसी के अमित सिंह की जगह देने पहुंचे थे। इस दौरान सीबीआई ने सॉल्वर गिरोह को पकड़ा था, जिसमें नवीन समेत छह आरोपी थे। सीबीआई कोर्ट ने नवीन तंवर को तीन साल की सजा सुनाई थी और 50 हजार का जुर्माना भी लगाया था। हालांकि सीबीआई कोर्ट ने नवीन तंवर की अर्जी पर उन्हें जेल भेजने में राहत दी थी। अब इधर सीबीआई की रिपोर्ट पर उन्हें सस्पेंड कर दिया गया है।
2019 में सिलेक्शन
मालूम हो कि 2014 में जब नवीन तंवर को सीबीआई ने पकड़ा था, उस दौरान वो IAS नहीं थे। वो सिविल सेवा परीक्षा की तैयारी कर रहे थे। उनका सिलेक्शन 2019 की यूपीएससी परीक्षा में हुआ था। नवीन उत्तरप्रदेश के नोएडा के रहने वाले और हिमाचल कैडर के IAS हैं। साल 2019 में उन्होंने संघ लोक सेवा आयोग (UPSC) की सिविल सेवा परीक्षा पास की थी और IAS में चयन हुआ था। 11 महीने पहले ही हिमचाल प्रदेश के चंबा जिले के उपमंडल भरमौर में अतिरिक्त उपायुक्त कम सह-परियोजना निदेशक जिला ग्रामीण विकास एजेंसी (DRDA) का पद मिला था। इससे पहले वे उपमंडल अधिकारी (नागरिक) कांगड़ा व चंबा के पद पर रह चुके हैं।
दूसरे की जगह बैंक क्लर्क भर्ती की परीक्षा देने के आरोपी 2019 बैच के आईएएस अधिकारी नवीन तंवर को निलंबित कर दिया गया है। बीते माह नवीन को तीन साल के कारावास की सजा सुनाई गई थी। केंद्रीय जांच ब्यूरो के न्यायिक मजिस्ट्रेट शिवम वर्मा ने हिमाचल प्रदेश के चंबा में एडीएम तंवर पर 50 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया। हालांकि, सीबीआई कोर्ट से जमानत मिलने पर नवीन को जेल नहीं जाना पड़ा।
आरोप है कि 13 दिसंबर 2014 को इंस्टीट्यूट ऑफ बैंकिंग पर्सनल सेलेक्शन (आईबीपीएस) की क्लर्क भर्ती परीक्षा में झांसी के अमित की जगह उत्तर प्रदेश के नोएडा के रहने वाले नवीन तंवर ने गाजियाबाद स्थित आइडियल इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी में परीक्षा दी थी। सीबीआई ने सॉल्वर गिरोह पकड़ा था, जिसमें नवीन समेत छह आरोपी थे। सुनवाई के दौरान वर्ष 2019 में नवीन का चयन हुआ था। बीते वर्ष नवीन को चंबा जिले में अतिरिक्त उपायुक्त कम सह-परियोजना निदेशक जिला ग्रामीण विकास एजेंसी (डीआरडीए) बनाया गया था।



