A program was organized in Mandi premises Siliyari on Guru Purnima, people took blessings from Acharya Narendra Nayan Shastri
सक्ती/हसौद।चाय वाले बाबा के नाम से पूरे प्रसिद्ध आचार्य नरेंद्र नयन शास्त्री के गृह गांव सिलयारी में गुरु पूर्णिमा महोत्सव धूमधाम से मनाई गई ,सिलयारी में गुरु पूर्णिमा महोत्सव का यह 25 वां वर्ष है , सुबह 10 बजे ग्राम सिलयारी के राधा-कृष्ण मंदिर से गुरुजी नरेंद्र नयन शास्त्री की शोभायात्रा के आगे-आगे ओडिशा के नृत्य दल के साथ शिष्य नाचते-गाते पूरे नगर भ्रमण कर दोपहर 12 बजे तक कार्यक्रम स्थल कृषि उपज मंडी प्रांगण पहुंची।यहां पर शिष्य परिचय व पंजीयन, गुरु का पाद प्रक्षालन, गुरु आरती, दिव्य प्रवचन, भक्ति सत्संग के साथ ही साथ भजन गायिका प्रो डॉ. विधा सिंह राठौर व उसके साथी रंगारंग भजन गीत संगीत की प्रस्तुति हुई , भजन के दौरान बड़ी संख्या में पहुंचे शिष्यों ने झूमते रहे , इस दौरान गुरुजी से आशीर्वाद लेने बड़ी संख्या में लोग पहुँचे हुए थे।ने ततपश्चात गुरु प्रसादी की वितरण की गई, कार्यक्रम में गुरुजी ने गुरु पूर्णिमा के अवसर पर गुरु की महत्ता पर प्रकाश डाला , गुरुजी ने कहा कि गुरु पूर्णिमा के दिन गुरुओं का आशिर्वाद अवश्य लेने चाहिए , जीवन के अंधकार को दूर करने वाला गुरु ही श्रेष्ठ होता है , अपने ज्ञान से शिष्य को ज्ञान से परिपूर्ण करने वाला ही गुरु होता है , गुरु के बिना जीवन का कोई मोल नहीं होता उन्होंने कहा कि एक बल्ब दूसरे बल्ब को नहीं जला सकता है , लेकिन एक दीपक अपने प्रकाश से दूसरे दीपक को प्रकाशित कर सकता है।गुरु भी इस तरह से होता है , इसलिए गुरु को दीपक की संज्ञा दी गई है।



