After treatment, the student reached Pota Cabin, his health deteriorated again, when he reached the hospital, the doctor declared him dead – family in shock
बीजापुर@रामचन्द्रम एरोला – जिले के उसुर ब्लाक अंतर्गत आने वाली आवापल्ली क्षेत्र का मामला जहां संचालित दुगईगुड़ा के पोटाकेबिन में अध्यनरत 6 वर्षीय कक्षा पहली का छात्र का मौत हो गई। स्वास्थ सुविधाएं व शिक्षा व्यवस्थाओं को सुधारने के लिए एक तरफ सरकार विशेष पहल कर रहा है ऐसे क्षेत्रों में स्वास्थ सुविधा बड़े इसके लिए नए-नए विकल्प या नई-नई सुविधाएं दिया जा रहा है इसी बीच इस तरह की खबर लोगों में डर का माहौल बनाया। इस घटना के बाद जिले के वरिष्ठ जिम्मेदार अधिकारी मौके में पहुंचने की जानकारी परिवार सदमे में मानने को तैयार नहीं सामान्य मौत, क्योंकि उनके परिवार की मासूम बच्चे की सवाल था । अभी छात्र से सपने सजाओ रखे माता-पिता उनके सपने उनके सामने समाप्त हो गए।
बीआरसी आवापल्ली
वेंकटेश्वर तोकल
दुगईगुड़ा के अधीक्षक ने मुझे जानकारी दिया था कि 1 दिन पहले 27 सितम्बर को बच्चे की तबीयत बिगड़ गई सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र आवापाल्ली ले जाकर उन्होंने इलाज करवाया और बच्चा स्वस्थ था। किसी भी तरह कोई बीमारी नहीं मिला और आज फिर 28 सितम्बर को सुबह-सुबह 6 से 6.30 बजे मुझे फोन आया जिसमें चक्कर आकर गिरने से अधीक्षक स्वयं के गाड़ी से उन्हें अस्पताल ले गए पहली कक्षा के राकेश पुनेम को अस्पताल में डॉक्टर ने देखकर कहां छात्र की मौत हो गई।
विकासखंड स्वास्थ्य अधिकारी उसूर आवापल्ली
डा. उमेश सिंह पटेल ने बताया कि अधीक्षक ने बच्चे को सर्दी खांसी व अन्य चेकअप के लिए लाया इलाज में किसी भी तरह कुछ नहीं निकला। सुबह तबीयत खराब होने से फिर लाया जा रहा था रास्ते में मौत हो गई जिनकी पोस्टमार्टम में जो जानकारी निकला हार्ट केबिटी में पानी हल्का देखने को मिला पर एफ एस सी एल (FSCL) को भेजें रिपोर्ट आने के बाद ही क्लियर बताया जा सकता है किस वजह से छात्र की मौत हुई।
अस्पताल पहुंच पोस्टमार्टम के बाद पिता सुधरू पुनेम ने प्रशासन की व्यवस्था की गाड़ी में ले गए अपने बेटा का शव कल गृह ग्राम बड़े तर्रेम में देह संस्कार किया जाएगा।



