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वनांचल क्षेत्रों को विकास के दौड़ में आगे लाने हमारी सरकार दृढ़प्रतिज्ञ : मुख्यमंत्री

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Our government is determined to bring the forest areas ahead in the race of development: Chief Minister

मोदी जी की गारंटी के अनुरूप हमने हर वर्ग से जुड़े वायदों को पूरा किया : मुख्यमंत्री विष्णु देव साय

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गरियाबंद में 338 करोड़ रूपये के 193 विकास कार्यों का लोकार्पण-भूमिपूजन

बेलाट नाला पर पुल निर्माण की घोषणा, 36 गांवों को मिलेगी आवागमन सुविधा

रायपुर / प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने पीएम जनमन योजना के माध्यम से विशेष पिछड़ी जनजाति के लोगों के जीवन में विकास का उजियारा लाने की बड़ी पहल की है। पीएम जनमन योजना के माध्यम से विशेष पिछड़ी जनजाति के लोग मुख्यधारा में शामिल हो रहे हैं। गरियाबंद विशाल वन क्षेत्र और प्राकृतिक सुंदरता से समृद्ध जिला है। यहां बड़ी संख्या में विशेष पिछड़ी जनजातियां निवास करती हैं, जिनकी विकास के लिए सरकार प्रतिबद्ध है। हमारी सरकार मोदी की गारंटी के हर वायदे को पूरा कर रही है। मुख्यमंत्री श्री साय ने आज गरियाबंद जिले के पुलिस परेड ग्राउंड में आयोजित आमसभा को सम्बोधित करते हुए यह बात कही।

मुख्यमंत्री साय ने इस अवसर पर 338 करोड़ रुपए के 193 कार्यों का लोकार्पण-भूमिपूजन किया। इनमें 119 करोड़ रुपए के 44 कार्यों का लोकार्पण तथा 219 करोड़ रुपए के 149 कार्यों का भूमिपूजन शामिल है। उन्होंने इस मौके पर जिले के दूरस्थ वनांचल क्षेत्र देवभोग-झाखरपारा के 36 गांवों के लोगों की सुविधा के लिए बेलाट नाले पर पुल निर्माण की घोषणा की। कार्यक्रम में उन्होंने विभिन्न हितग्राही मूलक योजनाओं में 99 हितग्राहियों को कृषि पंप, मछली जाल सहित एक करोड़ 27 लाख रूपये विभिन्न सामग्रियों और आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं तथा अनुकम्पा नियुक्ति के प्रकरणों में पात्र लोगों को नियुक्ति पत्र सौंपा।

मुख्यमंत्री साय ने कार्यक्रम को सम्बोधित करते हुए कहा कि पीएम जनमन योजना अंतर्गत 2 हजार 528 से अधिक आवास गरियाबंद में हमारे कमार जनजाति के लोगों के लिए स्वीकृत किये गये हैं। गरियाबंद जिले में ही इस योजना के माध्यम से 58 करोड़ रुपए की लागत से 49 सड़कें बन रही हैं। सड़कों के पूर्ण होने से कमार जनजाति की बसाहटें अब मुख्यधारा से जुड़ जाएगी, कमार जनजाति के बच्चे अब आसानी से उच्च शिक्षा ग्रहण कर पाएंगे। कमार बसाहटों तक आसानी से जरूरत पड़ने पर एंबुलेंस पहुंच पाएगी।

मुख्यमंत्री साय ने कहा कि जब हमने कुंभ मेले का आयोजन राजिम में आरंभ कराया था तब त्रिवेणी संगम की इस नगरी में पूरे देश से संतों का समागम हुआ। राजिम का यश और बढ़ा। दुर्भाग्य से पूर्ववर्ती सरकार ने इसकी गरिमा कम कर दी। हमारी सरकार ने इसे फिर से उसी भव्य रूप में आरंभ किया है। अगले महीने राजिम कुंभ का आयोजन पुनः होगा। इस बार भी पूरी भव्यता से इस सुंदर समारोह का आयोजन हम करेंगे। राजिम में संत-समागम होगा और हम सब इस सत्संग का लाभ प्राप्त करेंगे।

मुख्यमंत्री साय ने कहा कि सिकासार कोडार लिंक परियोजना के सर्वे का कार्य तेजी से हो रहा है। 112 किमी अंडर ग्राउंड नहर लाइनिंग का कार्य पूरा होने पर गरियाबंद जिले के हजारों किसान लाभान्वित होंगे। सुपेबेड़ा के किडनी के मरीजों के लिए डायलिसिस सुविधा के लिए जिला मुख्यालय एवं देवभोग में डायलिसिस सेंटर आरंभ किये गये हैं। इस समस्याओं के स्थायी समाधान के लिए स्वास्थ्य विभाग को अनुसंधान के निर्देश दिए गए हैं।

मुख्यमंत्री साय ने जिला प्रशासन के नवाचार कार्यों की तारीफ करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी ने एक पेड़ माँ के नाम लगाने का अभियान आरंभ किया। इसमें एक ही दिन में गरियाबंद की माताओं-बहनों ने 87 हजार से अधिक पौधे लगाकर लिम्का बुक आफ वर्ल्ड रिकार्ड में नाम दर्ज करा दिया। इसके लिए सभी माताओं-बहनों को बहुत बहुत बधाई। उन्होंने कहा कि दसवीं-बारहवीं बोर्ड परीक्षाओं में अच्छे नतीजों के लिए यहां गौरव गरियाबंद अभियान चलाया जा रहा है। डिजिटल क्लास रूम और स्टूडियो के माध्यम से भी छात्र-छात्राओं को पढ़ाया जा रहा है, यह अच्छी पहल है।

कार्यक्रम को जिले के प्रभारी मंत्री एवं खाद्य मंत्री श्री दयाल दास बघेल, लोकसभा क्षेत्र महासमुंद की सांसद श्रीमती रूपकुमारी चौधरी, राजिम क्षेत्र के विधायक श्री रोहित साहू ने भी सम्बोधित किया। इस अवसर पर जनप्रतिनिधि और बड़ी संख्या में ग्रामीणजन उपस्थित थे।

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