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पोल्ट्री फार्म सैनिटाइजेशन का कार्य जारी,दिल्ली और एम्स रायपुर की टीमों ने किया रायगढ़ का निरीक्षण

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Poultry farm sanitization work continues, Delhi and AIIMS Raipur teams inspected Raigarh
बर्ड फ्लू संक्रमण नियंत्रण की त्वरित कार्रवाई को सराहा

रायपुर,

रायगढ़ जिले में बर्ड फ्लू संक्रमण की रोकथाम के लिए दिल्ली से केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय और एम्स रायपुर से विशेषज्ञ डॉक्टरों की टीम रायगढ़ पहुंची। टीमों ने संक्रमित पोल्ट्री फार्म और आसपास के इंफेक्टेड जोन का निरीक्षण किया और संक्रमण नियंत्रण की प्रक्रिया की समीक्षा की। इसके बाद कलेक्टर श्री कार्तिकेया गोयल के साथ भारत सरकार के एसओपी के तहत आगे की रणनीति पर चर्चा की गई।

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विशेषज्ञों ने पोल्ट्री फार्म सैनिटाइजेशन कार्य का जायजा लिया और घर-घर जाकर रैंडम जांच भी की। पशुपालन विभाग के ज्वाइंट कमिश्नर डॉ. एच.आर. खन्ना ने रायगढ़ प्रशासन द्वारा उठाए गए त्वरित कदमों की सराहना करते हुए कहा कि संक्रमित पोल्ट्री, अंडों और चूजों का तेजी से नष्ट किया जाना प्रभावी रणनीति रही। उन्होंने निर्देश दिया कि पोल्ट्री फार्म को शीघ्र सैनिटाइज करने के लिए फ्लेम गन और डिसइंफेक्टेंट का उपयोग किया जाए। इस पर कलेक्टर श्री गोयल ने उप संचालक पशुपालन विभाग को पर्याप्त मैनपावर के साथ सैनिटाइजेशन प्रक्रिया जल्द पूरी करने के निर्देश दिए।

एम्स रायपुर की टीम ने जिला अस्पताल और मेडिकल कॉलेज का निरीक्षण किया। टीम ने ओपीडी और आइसोलेशन वार्डों की समीक्षा कर आवश्यक दवाओं का स्टॉक बनाए रखने के निर्देश दिए। एम्स के डॉ. अजॉय के. बेहरा, डॉ. संजय सिंह नेगी, डॉ. गौरी कुमारी पाढ़ी और अन्य विशेषज्ञों ने स्वास्थ्य विभाग को बर्ड फ्लू से संबंधित सतर्कता उपायों को मजबूत करने की सलाह दी। स्वास्थ्य विभाग को विशेष रूप से यह निर्देश दिए गए कि सर्दी-बुखार से ग्रसित मरीजों की निगरानी बढ़ाई जाए और पोल्ट्री फार्म में कार्यरत सभी व्यक्तियों को क्वारंटाइन किया जाए। इस संबंध में जिला प्रशासन ने आवश्यक दिशा-निर्देश जारी कर दिए हैं।

एम्स रायपुर की टीम ने जिलेभर के स्वास्थ्य अधिकारियों के साथ वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग बैठक कर बर्ड फ्लू से बचाव और नियंत्रण के उपायों पर विस्तार से चर्चा की। बैठक में संक्रमण से बचाव, शुरुआती लक्षणों की पहचान और त्वरित उपचार व्यवस्था पर जोर दिया गया। निरीक्षण दल में डॉ. देवांग जरीवाला (असिस्टेंट डायरेक्टर, इंटीग्रेटेड डीसीज सर्विलांस प्रोजेक्ट, भारत सरकार), डॉ. एच.आर. खन्ना (ज्वाइंट कमिश्नर, पशुपालन एवं डेयरी विभाग), डॉ. किरण अखाड़े (असिस्टेंट डायरेक्टर, एपिडेमियोलॉजी), डॉ. चयनिका नाग (एंटोमोलॉजिस्ट, आईडीएसपी रायपुर) सहित एम्स रायपुर एवं स्वास्थ्य विभाग के कई वरिष्ठ अधिकारी शामिल थे।

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