On May 31, a workshop was organized to celebrate the birth anniversary of Maharani Ahilya Bai Holkar.
कांकेर । 31 मई को प्रखर राष्ट्रवादी, धर्म परायण, इस देश की महान हुतात्मा, मराठा शासन की एक सशक्त महिला शासक अहिल्या बाई होलकर को 300वी जन्म जयंती है जिसकी तैयारी हेतु भाजपा कार्यालय कमल सदन कांकेर में भाजपा जिलाध्यक्ष महेश जैन, लोकसभा सांसद भोजराज नाग की उपस्थिति में आज कार्यशाला आहूत की गई । कार्यशाला में मुख्य वक्ता के रूप में बालोद के पूर्व भाजपा जिलाध्यक्ष पवन साहू थे ।
मुख्य वक्ता पवन साहू ने कार्यशाला को संबोधित करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देश की उन महान हुतात्माओं को इतिहास के पटल पर सम्मानपूर्वक लाने का कार्य किया है जिन्हें इस देश ने लगभग भुला सा दिया था । उन्होंने बताया कि 21, 22 मई को महारानी अहिल्या बाई के जीवनी से संबंधित प्रदर्शनी लगाई जाएगी । 23, 24 मई को मंदिरों के आसपास सफाई अभियान चलाया जाएगा । 25, 26 मई को कालेजो में अहिल्या बाई की जीवनी पर परिचर्चा किया जाएगा । समाज के विभिन्न क्षेत्रों की विदुषी महिलाओं का सम्मान किया जाएगा । 26, 28 मई को मण्डल स्तर पर संगोष्ठी का आयोजन किया जाएगा । 29, 30 मई को नगर पालिका, नगर पंचायत क्षेत्रो में अहिल्या बाई होलकर की जीवनी से लोगो को परिचित कराया जाएगा ।
श्री पवन साहू ने महारानी अहिल्या बाई की जीवनी के बारे में बोलते हुए कहा कि एक सामान्य परिवार में जन्म लेने वाली अहिल्या बाई अपने गुणों से राजपरिवार की रानी बन गई ।
महारानी अहिल्या बाई को लोकमाता या राजमाता भी कहलाती है । विवाह के कुछ समय बाद ही अहिल्या बाई के राजपरिवार के 60 लोगो की अकाल मृत्यु हो गई जिसमें उनके पति भी शामिल थे ।
उन्होंने बताया कि मालवा क्षेत्र का शासन महारानी के हाथों में आने के बाद अहिल्याबाई ने अपने राज्य के लोगो की भलाई और विकास के लिये वो कार्य किया जो किसी और शासक ने नही किया था । अहिल्याबाई राजमाता होते हुए भी कभी सिंहासन में नही बैठी। वो सामान्य कुर्सी में बैठकर लोगो से मिलती थी और न्याय करती थी । लोगो के बीच बैठकर दोनों समय का भोजन करती थी । राजमहल में 15 हजार लोगों के लिये भोजन बनता था । अहिल्याबाई होलकर ने गुजरात के सोमनाथ मंदिर के जीर्णोद्धार सहित अन्य कई मंदिरों का निर्माण व जीर्णोद्धार किया । महारानी अहिल्याबाई ने महिला सशक्तिकरण, भूमि सुधार, लघु उद्योग जैसे कई महान कार्य किये । उन्होंने महेश्वर में साड़ी उद्योग की स्थापना की । किसानों, मजदूरों, जनजाति समाज के उत्थान के लिये कार्य किया ।
भाजपा जिलाध्यक्ष महेश जैन ने स्वागत भाषण देते हुए कहा कि महारानी अहिल्या बाई होलकर न केवल मालवा की शासिका थी अपितु पूरे देश के लिये एक महान शासक थी । महारानी अहिल्या बाई के कार्य आज भी पूरे देश मे परिलक्षित होते है।
कांकेर लोकसभा के सांसद ने भी लोकमाता अहिल्याबाई होलकर की जीवनी के बारे में बोलते हुए कहा कि महारानी ने अपनी योग्यता के बल पर लोकमाता बनी । उन्होंने अपने राज्य के लोगो के विकास के लिये अनेक कार्य किये । उन्होंने एक निपुण शासक के रूप में अपने राज्य का संचालन किया ।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी इस देश के महान शासकों के बारे में जनता को अवगत कराने इस प्रकार के कार्यक्रम आयोजित करवा रही है ।
महिला मोर्चा प्रदेशाध्यक्ष व समाज कल्याण बोर्ड की नवनियुक्त अध्यक्ष शालिनी राजपुत ने महारानी अहिल्या बाई होलकर की जीवनी के बारे में बताते हुए कहा कि वे एक महान शासक थी जिन्होंने अपनी प्रजा व अपने राज्य के विकास के लिये अनेक कार्य किये । महारानी अहिल्या बाई ने स्त्री सम्मान, लघु उद्योग, जल संरक्षण, गायो की रक्षा , सामाजिक समरसता, मंदिरों के जीर्णोद्धार के लिये अनेक कार्य किये।
कार्यशाला में आभार प्रदर्शन अहिल्याबाई होलकर जन्म जयंती कार्यक्रम के जिला संयोजक सतीश लाटिया ने किया ।
इस कार्यशाला में पूर्व विधायक सुमित्रा मारकोले, शिशुपाल सोरी, निवर्तमान भाजपा जिलाध्यक्ष सतीश लाटिया, जिला महामंत्री बृजेश चौहान, दिलीप जायसवाल, पूर्व जिलाध्यक्ष हलधर साहू, राजीव लोचन सिंह, निर्मला नेताम, देवेंद्र भाऊ, राजा देवनानी, रत्नेश सिंह, निपेन्द्र पटेल, अरुण कौशिक, राधे लाल नाग, वीरेंद्र श्रीवास्तव, उत्तम यादव, शंकर सरकार, दिनेश रजक, टिकेश्वर सिन्हा, कमलेश उसेंडी, डाकेश साहू, महेश उइके, मनोहर यादव, डिकेश खापर्डे, ओमप्रकाश साहू, उमा देवी शर्मा, विजय मंडावी, राजा पांडेय, गिरधर यादव, उगेश्वरी उइके, हितेंद्र खटवानी, मंजू सारथी, राजीव श्रीवास , जागेश्वरी भास्कर, श्यामल मण्डल, दीपंकर दत्ता, नारायण पोटाई, ज्वाला जैन, विकास अंभोरे, भूपेंद्र राजपूत, हेम्प्रकाश शिवहरे, नरेंद्र शर्मा, खुशी जोतवानी , मोहन नाविक सहित अन्य अपेक्षित कार्यकर्ता उपस्थित रहे ।




