Motivational workshop organized for excellent results in board exams
राज्य प्रावीण्य सूची में स्थान बनाने वाले विद्यार्थियों को कराया जाएगा हवाई सफर
उत्तर बस्तर कांकेर 29 नवंबर 2025/ कलेक्टर श्री निलेश कुमार महादेव क्षीरसागर के निर्देशन एवं जिला पंचायत सीईओ श्री हरेश मंडावी के मार्गदर्शन में जिला प्रशासन द्वारा हमर लक्ष्य कार्यक्रम के तहत बोर्ड परीक्षाओं में बेहतर परिणाम प्राप्त करने हेतु स्कूल शिक्षा विभाग द्वारा व्यापक तैयारियां शुरू कर दी गई हैं। कक्षा 10वीं एवं 12वीं के शिक्षकों को परीक्षा उन्मुख अध्यापन, कठिन विषयों की रणनीति तथा छात्रों के परिणाम सुधार के लिए चार चरणों में विशेष कार्यशाला आयोजित की जा रही है।
जिला शिक्षा अधिकारी ने बताया कि इस प्रशिक्षण के प्रथम चरण में प्राचार्यों की बैठक, द्वितीय चरण में व्यावसायिक शिक्षा के व्याख्याताओं का प्रशिक्षण और तृतीय चरण में गणित, भौतिकी, जीवविज्ञान एवं रसायन के व्याख्याताओं का उन्मुखीकरण और अंतिम चरण में अन्य विषयों की कार्यशाला आयोजित की गई।
उन्होंने बताया कि सभी व्याख्याता ब्लूप्रिन्ट आधारित अध्यापन करने
तथा छात्रों को दो श्रेणियों— अच्छे और कम अच्छे में वर्गीकृत कर उनकी व्यक्तिगत प्रगति पर ध्यान देने प्रशिक्षित किया गया। प्रत्येक व्याख्याता कम से कम पाँच बच्चों को गोद लेकर उनके परीक्षा परिणाम में सुधार सुनिश्चित करेगा। कठिन विषयों के लिए अतिरिक्त कक्षाएँ अवकाश दिवसों में भी संचालित की जाएँगी। बताया गया कि अंग्रेजी, गणित, फिजिक्स एवं विज्ञान जैसे विषयों में नियमित अभ्यास कार्यक्रम लागू किया जाएगा, ताकि छात्र विषयों के प्रति भय दूर कर आत्मविश्वास बढ़ा सकें।
उन्होंने यह भी बताया कि जो विद्यालय 100 प्रतिशत परिणाम देंगे, उन्हें सम्मानित भी किया जाएगा। इसके साथ ही जिन व्याख्याताओं के विषय में विद्यार्थियों को 100 अंक प्राप्त होंगे, उनका भी विशेष सम्मान होगा।
दिसंबर माह में छमाही परीक्षा आयोजित कर विद्यालयवार समीक्षा की जाएगी और 01 जनवरी 2026 से मिशन 40 डेज के तहत दैनिक लक्ष्य आधारित तैयारी कराई जाएगी।
जिन छात्रों के छमाही परीक्षा परिणाम के आधार पर राज्य प्रवीण्य सूची में आने की संभावना होगी, उनके लिए राष्ट्रीय स्तर के विशेषज्ञों के साथ मोटिवेशनल वर्कशॉप आयोजित की जाएगी।
कलेक्टर की मंशानुसार राज्य प्रावीण्य सूची में स्थान बनाने वाले छात्रों को जिला प्रशासन द्वारा हवाई यात्रा से मुम्बई भ्रमण कराया जाएगा।
जिला प्रशासन ने जे ई ई और एनईईटी की तैयारी भी स्कूल समय के पूर्व या बाद में कराने के निर्देश दिए हैं। आर्थिक रूप से कमजोर छात्रों को मावा मोदोल नि:शुल्क कोचिंग से जोड़ा जाएगा। पुलिस, सेना व वन सेवा में जाना चाहने वाले युवाओं के लिए शारीरिक एवं मानसिक दक्षता बढ़ाने हेतु अलग प्रशिक्षण भी शुरू किया जाएगा।
कार्यशाला में विशेषज्ञों ने समय प्रबंधन, स्वास्थ्य, नियमित अभ्यास, एकाग्रता और परीक्षा के महत्वपूर्ण बिंदुओं पर विस्तृत मार्गदर्शन दिया। डीईओ ने सभी व्याख्याताओं से अनावश्यक अवकाश से बचते हुए टीम भावना के साथ कार्य कर जिले को राज्य में प्रथम स्थान दिलाने की अपील की।



