कहा- विकास के वास्तविक पर्याय से अब अवगत हुए
उत्तर बस्तर कांकेर, 19 मार्च 2026/ लाल आतंक से तेजी से मुक्त होते छत्तीसगढ़ में शांति, विकास और विश्वास की नई तस्वीर सामने आई है। कांकेर जिले के चौगेल (मुल्ला) स्थित पुनर्वास केंद्र से रायपुर गए आत्मसमर्पित माओवादियों ने बुधवार 18 मार्च को विधानसभा परिसर में मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय और उप मुख्यमंत्री श्री विजय शर्मा से मुलाकात कर मुख्यधारा में लौटने पर हर्ष व्यक्त किया।
इस दौरान मुख्यमंत्री श्री साय ने आत्मसमर्पित माओवादियों से आत्मसमर्पण से पहले के जीवन और वर्तमान परिस्थितियों के बारे में विस्तार से चर्चा की। संवाद के दौरान नक्सलियों ने बताया कि अब उनके जीवन में पहली बार सकारात्मक बदलाव आया है। पहले वे जंगलों में असुरक्षा और भय के बीच जीवन और मौत के बीच अधर में जी रहे थे, वहीं अब वे अपने परिवार के साथ सुरक्षित और सम्मानजनक जीवन जी रहे हैं।
उन्होंने बताया कि मुख्य धारा में लौटकर विकास के वास्तविक पर्याय से वे अब अवगत हुए। उनके क्षेत्रों में अब सड़कों, बिजली और अन्य बुनियादी सुविधाओं का तेजी से विस्तार हुआ है, जिससे जीवन आसान हुआ है। कुछ आत्मसमर्पित नक्सलियों ने भावुक होकर कहा कि उन्होंने पहली बार होली जैसे त्योहार को परिवार के साथ मनाया, यह उनके लिए एक नया और सुखद अनुभव रहा।
मुख्यमंत्री श्री साय और उप मुख्यमंत्री श्री शर्मा ने सभी का मुख्यधारा में स्वागत करते हुए कहा कि यह निर्णय केवल व्यक्तिगत बदलाव नहीं, बल्कि छत्तीसगढ़ के उज्ज्वल भविष्य की दिशा में एक बड़ा और साहसिक कदम है। उन्होंने कहा कि संविधान पर विश्वास जताकर सभी ने एक सकारात्मक और प्रेरणादायक उदाहरण प्रस्तुत किया है।
मुख्यमंत्री ने उन्हें आश्वस्त किया कि राज्य सरकार आत्मसमर्पित नक्सलियों के पुनर्वास, रोजगार और सामाजिक पुनर्स्थापन के लिए पूरी प्रतिबद्धता के साथ कार्य कर रही है। प्रदेश में नक्सलवाद अब अपने अंतिम चरण में है और प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी तथा केंद्रीय गृहमंत्री श्री अमित शाह के नक्सलवाद उन्मूलन के संकल्प को शीघ्र ही पूर्ण किया जाएगा। इस अवसर पर वन मंत्री श्री केदार कश्यप तथा पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग की प्रमुख सचिव श्रीमती निहारिका बारिक भी उपस्थित थीं।
उल्लेखनीय है कि कलेक्टर श्री निलेशकुमार महादेव क्षीरसागर और जिला पंचायत सीईओ श्री हरेश मंडावी की विशेष पहल पर जिले में 38 आत्मसमर्पित माओवादी, जो भानुप्रतापपुर के चौगेल (मुल्ला) में विभिन्न आजीविकामूलक पाठ्यक्रमों में प्रशिक्षण प्राप्त कर रहे हैं, उन्हें एक्सप्लोरर विजिट के तहत रायपुर के विभिन्न स्थलों का तीन दिवसीय भ्रमण कराया गया। इसके अंतर्गत रायपुर के अंबुजा मॉल, ट्राइबल म्यूजियम, रेलवे स्टेशन, पुरखौती मुक्तांगन, मंत्रालय महानदी भवन, विधानसभा भवन आदि महत्वपूर्ण स्थलों का भ्रमण आत्मसमर्पित माओवादियों को कराया गया।



