32 एनडीपीएस प्रकरणों में जब्त 178.100 किलोग्राम गांजा, 565 नग नशीली टैबलेट एवं 121 नग सिरप का विधिवत नष्टीकरण।
₹83.40 लाख से अधिक कीमत के मादक पदार्थों को भस्मीकरण संयंत्र में किया गया नष्ट।
वज्र मेटालिक प्राईवेट लिमिटेड, रायकोट, जिला बस्तर के भस्मीकरण संयंत्र में किया गया नष्टीकरण।
माननीय उच्चतम न्यायालय, नई दिल्ली में दायर क्रिमिनल अपील पर पारित दिशा-निर्देशों एवं पुलिस मुख्यालय द्वारा जारी आदेश के अनुपालन में जिला उत्तर बस्तर कांकेर पुलिस द्वारा जब्त मादक पदार्थों के विधिवत नष्टीकरण की कार्यवाही की गई।
पुलिस अधीक्षक उत्तर बस्तर कांकेर श्री निखिल राखेचा (भा.पु.से.) की अध्यक्षता में गठित समिति की निगरानी में श्री योगेश साहू, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक कांकेर एवं नोडल अधिकारी एनडीपीएस, तथा श्री गजेन्द्र सिंह, कार्यपालिक दण्डाधिकारी एवं तहसीलदार तोकापाल की उपस्थिति में दिनांक 03.09.2026 को जिला बस्तर, जगदलपुर के थाना कोड़ेनार क्षेत्रांतर्गत ग्राम पंचायत रायकोट स्थित वज्र मेटालिक प्राईवेट लिमिटेड के भस्मीकरण संयंत्र में जिला स्तरीय नष्टीकरण समिति की निगरानी में यह कार्यवाही संपन्न हुई।
नष्टीकरण हेतु जिला उत्तर बस्तर कांकेर के कुल 32 एनडीपीएस प्रकरणों में जब्त निम्न मादक पदार्थों को नियमानुसार भस्मीकरण संयंत्र के माध्यम से नष्ट किया गया—
➡️ 178.100 किलोग्राम गांजा
➡️ 565 नग नशीली टैबलेट
➡️ 121 नग नशीली सिरप
➡️ कुल अनुमानित कीमत ₹83,40,388/-
नष्टीकरण से पूर्व समिति एवं गवाह पंचानों की उपस्थिति में जब्त सामग्री की तौल एवं पंचनामा कार्यवाही की गई। आवश्यक दस्तावेजी प्रक्रिया पूर्ण करने के पश्चात मादक पदार्थों को भस्मीकरण यंत्र के माध्यम से पूर्णतः नष्ट किया गया।
उक्त कार्यवाही के दौरान श्री घनश्याम सिंह, वैज्ञानिक, पर्यावरण विभाग, जगदलपुर, श्री मधुकर श्याम हरित,जिला आबकारी अधिकारी, कांकेर, श्री दयालू राम साहू, उपनिरीक्षक एवं प्रभारी डीसीबी/डीसीआरबी, संबंधित प्रकरणों के मालखाना मुंशी, पुलिस अधिकारी-कर्मचारी एवं गवाह पंचान उपस्थित रहे।
“उजियारा अभियान” के तहत नशे के खिलाफ कांकेर पुलिस की निरंतर कार्यवाही:–
कांकेर पुलिस द्वारा जिले में मादक पदार्थों के अवैध परिवहन, बिक्री, भंडारण एवं सेवन के विरुद्ध लगातार प्रभावी कार्रवाई की जा रही है। इसी क्रम में “उजियारा अभियान” के माध्यम से नशे के अवैध कारोबार पर प्रभावी अंकुश लगाने, नशीले पदार्थों की उपलब्धता को रोकने तथा युवाओं को नशे की गिरफ्त से बचाने के लिए विशेष प्रयास किए जा रहे हैं।
जब्त मादक पदार्थों का नियमानुसार नष्टीकरण किए जाने से इनके पुनः दुरुपयोग एवं अवैध रूप से बाजार में पहुंचने की संभावना को पूर्णतः समाप्त किया गया है।



