Farmers are happy with the facility of micro ATMs in procurement centers, Rakesh Kurre does not have to visit banks anymore
रायपुर / मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की सरकार द्वारा समर्थन मूल्य पर धान उपार्जन की चाक-चौबन्ध व्यवस्था से किसानों को न सिर्फ धान बेचना आसान हो गया है बल्कि किसानों के लिए धान बेचने के बाद पैसा निकालना भी आसान हो गया है। छत्तीसगढ़ सरकार की किसान हितैषी नीतियों के चलते राज्य के किसानों को प्रति क्विंटल धान का सर्वाधिक मूल्य मिल रहा है। छत्तीसगढ़ देश का एक मात्र ऐसा राज्य है जहां किसानों को एक क्विंटल धान का सर्वाधिक 3100 रूपए मूल्य प्राप्त हो रहा है। धान बेचने के तुरंत बाद उपार्जन केन्द्र एवं समिति से माइक्रो एटीएम के माध्यम से पैसा निकाल पाने की सुविधा से उनकी खुशियां दोगुनी हो गयी है। धान खरीदी केन्द्रों में किसानों की सुविधा के लिए सरकार द्वारा कई इंतजाम किए गए है, इन्हीं सुविधाओं में माइक्रो एटीएम की सुविधा भी शामिल है।
माइक्रो एटीएम के जरिए किसान खरीदी केन्द्र में ही 10 हजार तक नगद राशि निकाल सकते हैं। इस सुविधा से किसान प्रसन्न है। चिल्हाटी के श्री राकेश कुर्रे ने मोपका धान खरीदी केन्द्र में 62.80 क्विंटल धान बेचा और केन्द्र में ही माइक्रो एटीएम के जरिए 1 हजार रूपए नगद निकाला। उन्होंने बताया कि यह सुविधा किसानों की तत्कालिक जरूरत को पूरा कर रही है। अब किसानों को एटीएम अथवा बैंक का चक्कर लगाने की जरूरत नहीं है। वह खरीदी केन्द्र के माइक्रो एटीएम से पैसा निकालकर धान परिवहन के लिए किराए पर लाए गए मेटाडोर, ट्रेक्टर, छोटा हाथी का भाड़ा और हमालों की मजदूरी तुरंत दे सकते हैं। किसानों को इसके लिए अब न किसी से राशि उधार लेने की जरूरत पड़ रही है और न ही बैंको का चक्कर लगाना पड़ रहा है। श्री कुर्रे ने बताया कि माइक्रो एटीएम का उपयोग बहुत ही आसान है। आधार नम्बर और फिंगर प्रिंट के माध्यम से नगद राशि प्राप्त की जा सकती है। मुख्यमंत्री श्री साय द्वारा दी गई सुविधा से किसानों को बड़ी राहत मिल रही है।




