Vishwa Hindu Parishad celebrated its 61st foundation day. The foundation day programme was organised in Jamgaon block.
कांकेर । ग्राम जामगांव में (विश्व हिंदू परिषद) का 61 वां स्थापना दिवस धूमधाम से मनाया गया। इस मौके पर विश्व हिंदू परिषद के जिला मंत्री मुन्ना तिवारी ने लोगों को धर्म के मार्ग पर चलने का संदेश दिया। बताया कि हिंदू समाज को एकजुट रहने और अपने मूल धर्म व संस्कृति को बचाने की आज सबसे ज्यादा जरूरत है। इस प्रोग्राम में मुख्य वक्ता विश्व हिंदू परिषद विभाग मंत्री अखिलेश चंदौल ने बताया कि विश्व हिंदू परिषद की स्थापना 1964 में हुई थी। उस समय देश के तमाम बड़े संत एक मंच पर आए थे और संगठन को आशीर्वाद दिया था (VHP) का उद्देश्य है धर्म की जय हो, अधर्म का नाश हो, प्राणियों में सद्भावना हो और विश्व का कल्याण हो। उन्होंने कहा कि हम सभी श्रीराम को मानते हैं, लेकिन केवल उनका नाम लेना काफी नहीं है। श्रीराम का जीवन हमारे लिए एक मार्गदर्शक है। आज के समय में हमारे पास राम का नाम और तस्वीर तो है, लेकिन उनका चरित्र और आचरण नहीं है यही कारण है कि समाज में आज संकट बढ़ते जा रहे हैं। संतों ने यह भी कहा कि अगर हम श्रीराम जैसे जीवन मूल्यों को अपनाएं तो समाज में कई समस्याएं खुद-ब-खुद दूर हो सकती हैं। परिवार से ध्यान भटकता है तो लव जिहाद धर्मांतरण जैसी घटनाएं होती है विश्व हिंदू परिषद अध्यक्ष मोनू साहू ने एक उदाहरण देते हुए कहा कि जब तक माता सीता की नजर श्रीराम पर थी, तब तक उनके जीवन में कोई संकट नहीं आया। लेकिन जैसे ही उनका ध्यान सोने के हिरण पर गया, रावण उनके जीवन में प्रवेश कर गया। इसी तरह, जब हमारा ध्यान अपने परिवार और समाज से हटकर दूसरी चीजों पर चला जाता है, तब हमारे जीवन में भी संकट आते हैं। उन्होंने कहा कि आज के समय में लव जिहाद, धर्मांतरण जैसी घटनाएं इसी कारण हो रही हैं, क्योंकि हम अपने धार्मिक और पारिवारिक मूल्यों से भटक रहे हैं बहन-बेटियों को सतर्क रहने और सही मार्ग अपनाने की सलाह दी गई धर्म की रक्षा ही सबसे बड़ा कर्तव्य’ जिला उपाध्यक्ष लक्ष्मीनारायण साहू ने कहा कि जब-जब धर्म की हानि हुई है, भगवान ने अवतार लिया है। उनका उद्देश्य हमेशा धर्म की रक्षा करना रहा है। उन्होंने कहा कि आज के समय में भी सनातन धर्म को कमजोर करने की कोशिशें हो रही हैं। यह साजिशें कभी टीवी, सीरियल या फिल्मों के माध्यम से हो रही हैं, तो कभी लव जिहाद और धर्मांतरण के माध्यम से। ‘जातियों से ऊपर उठकर एकता की जरूरत’ बजरंग दल विभाग संयोजक राजा साहू ने कहा कि अगर हिंदू समाज जातियों में बंट गया तो सनातन धर्म की रक्षा करना कठिन हो जाएगा। आज जरूरत है कि सब लोग यह कहें कि “मैं सनातनी हिंदू हूं” ना कि केवल “मैं ब्राह्मण हूं” या “मैं क्षत्रिय हूं”। अगर हम संगठित हो जाएं, तो भारत में 100 करोड़ हिंदू एक मजबूत शक्ति बन सकते हैं। 10 राज्यों में हिंदू अल्पसंख्यक बन गया है विश्व हिंदू परिषद बजरंग दल जिला सह मंत्री धर्मेंद्र सुरुजिया ने यह चिंता जताई कि आज देश के लगभग 10 राज्यों में हिंदू समाज अल्पसंख्यक बन गया है। पहले हिन्दू बहुसंख्यक होते थे। दिल्ली जैसे शहरों में पहले “हम दो हमारे दो” का नारा दिया गया, जिससे हिंदुओं की संख्या पर असर पड़ा अब हालत यह है कि कई युवा नशे की लत में डूबे हुए हैं और बेटियां लव जिहाद का शिकार हो रही हैं इसलिए अब समय है कि हम अपने परिवारों को सशक्त और संगठित करें धर्म और संस्कृति के संरक्षण के लिए सबसे पहले अपने घर और समाज से शुरुआत करनी होगा सपना ही रहेगा ग्रामीण में प्रमुख लोग रहे उपस्थित इस अवसर सरपंच भगवती उईके, उपसरपंच सुरेश शोरी, ग्राम सभा अध्यक्ष रत्नूराम नेताम, वार्ड पंच रामेश्वरी सिन्हा संग्राम चौहान, ब्रह्मादेव उईके, तिलकराम सिन्हा, कमल सिंह नेताम, कोमल मरकाम, हेमंत कौशिक, लोकेश रजक विश्व हिंदू परिषद बजरंग दल के पदाधिकारी प्रखंड संयोजक रोशन बघेल सोनी, प्रखंड सह संयोजक गौकरण सिन्हा, प्रखंड सह संयोजक भक्त प्रहलाद साहू संयोजक, प्रखंड मंत्री मनीष बघेल, प्रखंड सह मंत्री गौरव शोरी, प्रखंड अखाड़ा प्रमुख आलोक कौशिक, खंड मंत्री सतीश राठौर, युवराज सिन्हा, दुर्गा वाहिनी प्रखंड सहसंयोजिका प्रतिभा राठौर सत्संग प्रमुख पल्लवी यादव, प्रतिभा राठौर, भावना सिन्हा, आरुषि नाग, सानू बघेल, सहित कई प्रमुख पदाधिकारी और कार्यकर्ता उपस्थित रहे। सभी ने एक स्वर में कहा कि हिंदू समाज को संगठित करना ही, विश्व हिंदू परिषद, बजरंग दल, मातृशक्ति दुर्गा वहिनी, का मुख्य उद्देश्य है।



