Home Blog कोचियों-बिचौलियों पर सख्ती, वास्तविक किसानों से ही धान खरीदी शासन की प्राथमिकता

कोचियों-बिचौलियों पर सख्ती, वास्तविक किसानों से ही धान खरीदी शासन की प्राथमिकता

0

Taking strict action against middlemen and brokers, purchasing paddy only from genuine farmers is the government’s priority.

खरीफ विपणन वर्ष 2025-26

Ro.No - 13672/156

रायगढ़ में धान खरीदी व्यवस्था की कलेक्टर ने की गहन समीक्षा

18 दिसंबर तक 23 हजार से अधिक किसानों ने बेचा धान, 307 करोड़ 62 लाख से अधिक का भुगतान

रायगढ़ / कलेक्टर मयंक चतुर्वेदी ने कलेक्टोरेट के सृजन सभाकक्ष में जिले में राज्य शासन द्वारा संचालित धान खरीदी योजना की गहन समीक्षा करते हुए संबंधित विभागों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। कलेक्टर ने अब तक जिले में हुई कुल धान खरीदी, किसान टोकन ‘तुंहर हाथ’ मोबाइल एप की स्थिति, किसानों को भुगतान, खाद-बीज के एवज में ऋण वसूली, धान उपार्जन केंद्रों की बफर सीमा तथा धान के लिए जारी आदेश (डीओ) सहित विभिन्न बिंदुओं पर विस्तार से जानकारी ली।

इस अवसर पर कलेक्टर ने जिले के समस्त धान उपार्जन केंद्र प्रभारियों, जिला नोडल अधिकारियों तथा खाद्य विभाग, जिला विपणन, सहकारिता एवं अन्य संबंधित विभागों के अधिकारियों की संयुक्त बैठक ली। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि धान खरीदी योजना के अंतर्गत किसानों से उनके वास्तविक उत्पादन की खरीदी शासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है। इसके लिए उपार्जन स्तर पर नियुक्त नोडल अधिकारियों को अपना सूचना तंत्र और अधिक मजबूत करने के निर्देश दिए गए।

कलेक्टर ने कहा कि कोचियों और बिचौलियों के माध्यम से उपार्जन केंद्रों तक पहुंचने वाले धान को केंद्र तक पहुंचने से पहले ही रोकना आवश्यक है। उन्होंने निर्देशित किया कि कोचियों द्वारा अवैध रूप से धान खपाने की किसी भी तैयारी की जानकारी तत्काल जिला स्तर पर साझा की जाए, ताकि वास्तविक किसानों को धान विक्रय में किसी भी प्रकार की असुविधा या परेशानी न हो।

कलेक्टर श्री चतुर्वेदी ने किसानों द्वारा धान विक्रय के पश्चात रकबा समर्पण पर विशेष जोर देते हुए कहा कि इससे बिचौलियों एवं कोचियों द्वारा धान खपाने की संभावनाओं पर प्रभावी अंकुश लगाया जा सकता है। उन्होंने सभी उपार्जन केंद्रों पर सतत निगरानी रखने तथा अवैध धान खरीदी, परिवहन एवं भंडारण के मामलों में कड़ी कार्रवाई के निर्देश दिए। बैठक में बताया गया कि खरीफ विपणन वर्ष 2025-26 के अंतर्गत शासन द्वारा समर्थन मूल्य एवं कृषक उन्नति योजना के तहत किसानों से 3100 रुपये प्रति क्विंटल की दर से तथा प्रति एकड़ 21 क्विंटल की सीमा तक धान खरीदी की जा रही है। जिले में धान खरीदी महाभियान को लेकर किसानों में उत्साह का माहौल है। धान खरीदी के सुचारू संचालन के लिए सभी उपार्जन केंद्रों में इलेक्ट्रॉनिक तौल मशीन, पेयजल, छाया की व्यवस्था, बायोमेट्रिक उपकरण, श्रमिकों की उपलब्धता सहित अन्य आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित की गई हैं। धान की गुणवत्ता जांच के लिए आर्द्रता मापक यंत्र से परीक्षण किया जा रहा है। जिले के सभी 105 धान खरीदी केंद्रों में खरीदी दर, केंद्रवार सूची एवं फ्लैक्स प्रदर्शित किए गए हैं।

धान विक्रय के लिए किसान ‘तुंहर हाथ’ मोबाइल एप के माध्यम से टोकन प्राप्त कर रहे हैं, जिससे किसानों के समय की बचत हो रही है और उन्हें सुविधा मिल रही है। बैठक में जानकारी दी गई कि 18 दिसंबर तक रायगढ़ जिले में 23,089 किसानों ने समर्थन मूल्य पर धान विक्रय किया है। इनमें 8,896 सीमांत किसान, 12,528 लघु किसान तथा 1,665 दीर्घ किसान शामिल हैं। अब तक जिले में कुल 13,16,691.20 क्विंटल धान की खरीदी हो चुकी है। किसानों को अब तक 307 करोड़ 62 लाख 20 हजार रुपये का भुगतान किया जा चुका है, वहीं खाद-बीज के एवज में 4,763.30 लाख रुपये की ऋण वसूली की गई है। इसके अतिरिक्त अब तक 12,190 किसानों द्वारा 1034.6495 हेक्टेयर रकबा समर्पित किया गया है। जिले में धान के अवैध परिवहन एवं भंडारण के विरुद्ध की गई 137 कार्रवाइयों में कुल 29,600.60 क्विंटल धान जब्त किया गया है। कलेक्टर ने सभी संबंधित विभागों को आपसी समन्वय के साथ कार्य करते हुए धान खरीदी अभियान को पारदर्शी, सुव्यवस्थित एवं किसान-हितैषी बनाने के निर्देश दिए। अपर कलेक्टर श्री अपूर्व प्रियेश टोप्पो, जिला खाद्य अधिकारी श्री चितरंजन सिंह, जिला विपणन अधिकारी, उप पंजीयक सहित धान उपार्जन केन्द्रों के प्रभारी एवं संबंधित अधिकारी उपस्थित थे।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here