मस्तूरी। मस्तूरी क्षेत्र के मल्हार में विराजित मां डिंडेश्वरी मंदिर के पीछे से पुरैना धरसा होकर लीलाकर नदी एनीकेट मार्ग के निर्माण होने से नदी पार कर जांजगीर चांपा जिले के क्षेत्र मल्हार से सीधे जुड़े जाएंगे और इधर मल्हार अंचल के कई गांव के लोगों को जांजगीर क्षेत्र के सेमरिया कोसा भैंसो पामगढ़ सहित जांजगीर, शिवरीनारायण के जुड़ जाने से आने-जाने में काफी सुविधा मिलने के साथ अपेक्षाकृत दूरी भी काम हो जाएगी जिससे समय का बचत भी होगा।
पिछले करीब 10 वर्षों से लीलाधर नदी में एनीकेट बन जाने से दोनों जिले जुड़ तो गए परंतु पक्का रोड नहीं होने के कारण वर्ष के 5-6 माह आने-जाने में काफी कष्ट होता था अब इधर मल्हार नगर पंचायत द्वारा लीलाधर नदी तक कांक्रीट रोड बना देने से यह मार्ग 12 मासी हो गया है एवं हर तरह की गाड़ियां आसानी से आ जा सकेंगे नगर पंचायत मल्हार सीएमओ किरण पटेल एवं इंजीनियर केएन उपाध्याय के विशेष प्रयास से इस मार्ग को बनने का अवसर मिला है। इस मार्ग को दो हिस्सों में बनाया गया पहले हिस्से में पुरैना तालाब तक बने पुराने सीसी रोड में टॉप कोटिंग किया गया एवं दूसरे हिस्से में पूरेना तालाब से एनीकेट तक 4 मीटर चौड़ा सीसी रोड बेस सहित बन रहा है जो 15 दिनों के भीतर पूर्ण हो जाएगा कार्य चल रहा है। पुरैना तालाब से इस सीसी रोड का निर्माण 96 लाख रुपयों के लागत से हो रहा है। इस संवाददाता के निरीक्षण करने के दौरान दोनों जिलों के आने जाने वाले कई मल्हार के राह गीर अशोक शर्मा , सुरेंद्र, नाथ, मिले जिन्होंने पूछने पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि हमें इस मार्ग के बनने से काफी खुशी है अब हमें अकेले या परिवार सहित आने जाने में कोई दिक्कत नहीं होगी एवं दूरी कम होने से समय भी बचेगा। निर्माणाधीन मार्ग में कई अन्य स्थानीय लोग भी मिले जिन्होंने भी बड़ी प्रसन्नता व्यक्त की।



