कांकेर । आदिम जाति अनुसंधान एवं प्रशिक्षण संस्थान मंत्रालय नवा रायपुर छत्तीसगढ़ शासन द्वारा 13 और 14 मार्च को समृद्ध जनजातियों के भव्य कला संस्कृति वेशभूषा को एक मंच पर प्रस्तुत करने विश्व प्रसिद्ध एक अनुठा आयोजन,,आदि परब,, कार्यक्रम का आयोजन किया जिसमें छत्तीसगढ़ राज्य के विभिन्न जिलों में निवासरत 43 जनजातीयों ने एवं सीमावर्ती राज्यों के आदिवासियों ने अपने अपने आदि चित्रकला ,,आदि परिधान/ अटायर शो,, की प्रस्तुति दी । अटायर शो के दौरान बीजापुर जिले के एक बहुत ही सुन्दर मनमोहक जोड़ा
पावर कपल भानुप्रताप चिड़ियम और उनकी अर्धांगिनी श्रीमती साधना चिड़ियम जो परधान जनजाति से आते हैं । अपने वेशभूषा और संस्कृति का गर्व से अपने जनजाति का परिचय दिया इस दौरान मंच पर अपने प्रस्तुति से दर्शकों का मन मोह लिया आकर्षण का केन्द्र रहे जिससे सुन्दर जोड़ी सुपर , पावर कपल कहकर सराहाया गया। आदि परब कार्यक्रम में परधान जनजाति की अपनी एक एतिहासिक पहचान इस जोड़े ने अपने परधान जनजाति की पारम्परिक संस्कृति , वाद्ययंत्रों, वेश-भूषा/ परिधान , आभूषणों ,गीत संगीत, नाच गाना , अपने झलकियों से दर्शकों के मनमोहकता , आकर्षण का केन्द्र रहे पति-पत्नी ने आदि परब में प्रतिभागी बनकर आकर्षक और भव्य प्रस्तुति देकर अपना नाम गोल्डन बुक आफ वर्ल्ड रिकॉर्ड में दर्ज किया जिसके लिए पति ,पत्नी दोनों को आदि परब मोमेंटो और प्रमाण पत्र से सम्मानित किया गया । इस आदि परब के माध्यम से इस जोड़े ने यह संदेश दिया कि लोग कितने ही आधुनिक क्यों न हों जायें पर अपनी मूल संस्कृति वेशभूषा एतिहास को जीवंत रखना भी भावी पीढ़ी की जिम्मेदारी है जिससे उनकी पहचान है। आदि परब कार्यक्रम में मुख्य अतिथि माननीय मुख्यमंत्री विष्णु देव सायं छत्तीसगढ़ शासन सहित माननीय मंत्री रामविचार नेताम कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री, माननीय मंत्री केदार कश्यप वन मंत्री , जनजाति आयोग अध्यक्ष माननीय रुपसिंह मण्डावी,संचालक हिना अनिमेष IAS आदिम जाति अनुसंधान संस्थान और प्रशिक्षण संस्थान नवा रायपुर, प्रमुख सचिव छत्तीसगढ़ शासन आदिम जाति विकास विभाग सहित मंत्रालय के अधिकारी कर्मचारियों, जनप्रतिनिधि तथा छत्तीसगढ़ भर से आए हुए अतिथि शामिल हुए।



